एम्स पटना ईसीएचएस से जुड़ा, पूर्व सैनिकों को अब घर के पास मिलेगी सुपर स्पेशियलिटी इलाज की सुविधा

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>फुलवारीशरिफ&comma; अजीत। <&sol;strong>देश के पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों के लिए राहत भरी खबर है&period; एम्स पटना को औपचारिक रूप से पूर्व सैनिक अंशदायी स्वास्थ्य योजना &lpar;ईसीएचएस&rpar; के तहत सूचीबद्ध कर दिया गया है&period; इसके बाद बिहार समेत पड़ोसी राज्यों के ईसीएचएस लाभार्थियों को सुपर स्पेशियलिटी उपचार के लिए दूसरे महानगरों का रुख नहीं करना पड़ेगा और उन्हें अपने ही क्षेत्र में उन्नत चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>एम्स पटना में आयोजित समारोह में चिकित्सा अधीक्षक डॉ&period; प्रशांत कुमार सिंह और ईसीएचएस क्षेत्रीय केंद्र&comma; पटना के निदेशक कर्नल अरुण लाल ने समझौता ज्ञापन पर हस्ताक्षर किए&period; यह प्रक्रिया एम्स पटना के कार्यकारी निदेशक प्रो&period; &lpar;ब्रिगेडियर&rpar; डॉ&period; राजू अग्रवाल तथा बिहार एवं झारखंड सब एरिया के उप जनरल ऑफिसर कमांडिंग ब्रिगेडियर अमित बेदी की उपस्थिति में पूरी हुई।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>समारोह में उप निदेशक &lpar;प्रशासन&rpar; निलोत्पल बल&comma; डीन &lpar;शैक्षणिक&rpar; प्रो&period; पूनम प्रसाद भदानी&comma; डीन &lpar;अनुसंधान&rpar; डॉ&period; संजय पांडे&comma; ईसीएचएस क्षेत्रीय केंद्र के वरिष्ठ अधिकारी तथा एम्स पटना के अन्य अधिकारी भी मौजूद रहे।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>एम्स पटना में करीब एक हजार बिस्तरों के साथ 40 से अधिक स्पेशियलिटी और सुपर स्पेशियलिटी विभाग संचालित हैं&period; यहां ऑन्कोलॉजी&comma; कार्डियोलॉजी&comma; न्यूरोलॉजी&comma; नेफ्रोलॉजी&comma; ट्रॉमा केयर और क्रिटिकल केयर मेडिसिन सहित कई गंभीर बीमारियों का आधुनिक उपचार उपलब्ध है&period; अत्याधुनिक जांच सुविधाएं&comma; आधुनिक प्रयोगशालाएं और विशेषज्ञ चिकित्सकों की बहु-विषयक टीम मरीजों को एक ही परिसर में समग्र उपचार उपलब्ध कराती है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ईसीएचएस नेटवर्क से जुड़ने के बाद ईसीएचएस पॉलीक्लीनिकों और एम्स पटना के बीच रेफरल व्यवस्था भी मजबूत होगी&period; इससे मरीजों को विशेषज्ञ इलाज के लिए कम समय में रेफर किया जा सकेगा&period; अनावश्यक यात्रा और उपचार में देरी कम होगी तथा पूर्व सैनिकों और उनके आश्रितों को अधिक सुविधाजनक स्वास्थ्य सेवाएं मिल सकेंगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यकारी निदेशक प्रो&period; &lpar;ब्रिगेडियर&rpar; डॉ&period; राजू अग्रवाल ने कहा कि एम्स पटना राष्ट्र की सेवा करने वाले पूर्व सैनिकों और उनके परिवारों को उत्कृष्ट स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है&period; उन्होंने कहा कि ईसीएचएस के साथ यह साझेदारी पूर्व सैनिकों को उनके घर के निकट विश्वस्तरीय चिकित्सा सुविधा उपलब्ध कराने के साथ पूर्वी भारत में एम्स पटना की भूमिका को और मजबूत करेगी।<&sol;p>&NewLine;

Advertisements

Related posts

पटना में 1.26 लाख नए राशन कार्ड बनाने का लक्ष्य, डीएम ने दिए तेजी से आवेदन लेने के निर्देश

NMCH में यूजी सीटों की बढ़ोतरी पर जश्न, प्राचार्य ने सभी कर्मियों और मीडिया का जताया आभार

जलकुंभी शिल्प विकास परियोजना के क्रियान्वयन को लेकर उद्योग विभाग एवं NEDFi के बीच एमओयू पर हस्ताक्षर