मंडलकारा के 52 बंदियों के जांच में नहीं मिला टीबी का लक्षण

<p><strong>जमुई&lpar;मो० अंजुम आलम&rpar;&colon;<&sol;strong> सदर अस्पताल स्थित यक्ष्मा केंद्र के कर्मियों द्वारा मंडल कारा में बंद बंदियों के बीच टीबी जांच अभियान चलाया गया। इस दौरान बारी-बारी से 52 बंदियों का टीबी जांच किया गया। लेकिन एक भी बंदी उक्त बीमारी से ग्रसित नहीं पाया गया। वहीं जिला संचारी रोग पदाधिकारी डॉ&period; रमेश प्रसाद ने बताया कि राष्ट्रीय टीबी मुक्त अभियान के तहत बीते चार जनवरी से स्वास्थ्य केंद्र के अलावा विभिन्न सरकारी संस्थान में रह रहे लोगों का टीबी जांच किया जा रहा है। इसे लेकर बीते 13 जनवरी को बाल सुधार गृह में एवं 14 जनवरी को 52 बंदियों का टीबी जांच किया गया। लेकिन एक भी व्यक्ति में इसका लक्षण नहीं पाया गया। उन्होंने बताया की यह अभियान आगामी 31 जनवरी तक विभिन्न जगहों पर चलाया जाएगा। इस दौरान बंदियों को स्वास्थ्य से संबंधित कई अहम जानकारी भी दिया गया। वहीं कारा अधीक्षक अरुण कुमार पासवान ने बताया कि बंदियों के बेहतर स्वास्थ्य एवं समाज के मुख्यधारा में लाने को लेकर सरकार द्वारा कई कार्यक्रम चलाया जा रहा है। जिसका असर भी देखने को मिल रहा है। उन्होंने बताया की इसके अलावे कारा में समय-समय पर योगाभ्यास सहित सामाजिक गतिविधि पर आधारित अन्य कार्यक्रम बंदियों के बीच किया जा रहा है। इस अवसर पर राष्ट्रीय यक्ष्मा उन्मूलन के जिला समन्वयक विकास कुमार&comma; विजय कुमार&comma; संतोष कुमार&comma; राजेश कुमार&comma; सुजीत कुमार सहित मंडल कारा एवं स्वास्थ्य विभाग के कई अधिकारी एवं कर्मी उपस्थित थे।<&sol;p>&NewLine;

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