बीमारों का इलाज सबसे बड़ी सेवा, जाति-धर्म भूल हर मरीज को भारतवासी समझें : राज्यपाल

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>फुलवारीशरीफ&comma; अजीत।<&sol;strong> बिहार के राज्यपाल लेफ्टिनेंट जनरल सैयद अता हसनैन &lpar;सेवानिवृत्त&rpar; ने कहा कि बीमार व्यक्ति का इलाज करना सबसे बड़ी सेवा है&period; मरीज की सेवा करते समय जाति और धर्म के भेदभाव को भूलकर उसे एक भारतवासी के रूप में देखना चाहिए&period; कैंसर और टीबी जैसी गंभीर बीमारियों से लड़ने के लिए सबसे पहले समाज में जागरूकता पैदा करना जरूरी है&period; समय पर बीमारी की पहचान&comma; नियमित जांच और उचित उपचार से कई मरीजों की जान बचाई जा सकती है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>राज्यपाल रविवार को फुलवारी शरीफ स्थित महावीर कैंसर संस्थान एवं अनुसंधान केंद्र में रोटरी इंटरनेशनल डिस्ट्रिक्ट 3250 &lpar;बिहार एवं झारखंड&rpar; और महावीर कैंसर संस्थान की ओर से आयोजित कैंसर एवं टीबी जागरूकता और रोकथाम अभियान को संबोधित कर रहे थे&period; उन्होंने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का उद्घाटन किया&period; कार्यक्रम में स्वास्थ्य विशेषज्ञों&comma; चिकित्सकों&comma; रोटरी इंटरनेशनल के पदाधिकारियों और विभिन्न क्षेत्रों के गणमान्य लोगों ने हिस्सा लिया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>राज्यपाल ने कहा कि पिछले सप्ताह बिहार के लिए काफी महत्वपूर्ण रहा है&period; राज्य के अलग-अलग जिलों में विभिन्न बीमारियों से लड़ने के लिए कई योजनाएं बनाई गई हैं&period; टीबी को लेकर भी सरकार की ओर से कई कार्यक्रम चलाए जा रहे हैं और जगह-जगह लोगों को बीमारी के प्रति जागरूक किया जा रहा है&period; उन्होंने कहा कि किसी भी बीमारी के खिलाफ लड़ाई में जागरूकता सबसे महत्वपूर्ण हथियार है&period; जब लोगों को बीमारी के लक्षण&comma; बचाव और उपचार की सही जानकारी होगी&comma; तभी समय पर जांच और इलाज संभव हो सकेगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>अपने पुराने अनुभव साझा करते हुए राज्यपाल ने कोविड महामारी का भी जिक्र किया&period; उन्होंने कहा कि कोविड जैसी आपदा के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उन्हें इससे निपटने के लिए कई जिम्मेदारियां सौंपी थीं&period; उस समय भी लोगों के बीच जागरूकता फैलाने&comma; बीमारी की रोकथाम और योजनाबद्ध तरीके से काम करने पर लगातार जोर दिया गया था&period; उन्होंने कहा कि स्वास्थ्य संबंधी किसी भी चुनौती से निपटने के लिए सरकार&comma; चिकित्सकों&comma; सामाजिक संस्थाओं और आम लोगों को मिलकर काम करना होगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>राज्यपाल ने महावीर कैंसर संस्थान की सेवाओं की सराहना करते हुए कहा कि संस्थान गरीब और कैंसर पीड़ित मरीजों को कम खर्च में बेहतर चिकित्सा सुविधा उपलब्ध करा रहा है&period; खासकर कैंसर से पीड़ित छोटे बच्चों का मुफ्त इलाज किया जाना बेहद सराहनीय पहल है&period; आर्थिक रूप से कमजोर परिवारों के लिए ऐसी चिकित्सा सेवा किसी बड़ी मदद से कम नहीं है&period; उन्होंने कहा कि मरीज की सेवा में संवेदना और मानवता सबसे ऊपर होनी चाहिए।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यक्रम में महावीर कैंसर संस्थान के डॉ&period; एलबी सिंह ने कहा कि संस्थान जल्द ही कैंसर पीड़ित बच्चों के लिए 100 बेड का अस्पताल तैयार करने जा रहा है&period; इसमें बच्चों को मुफ्त इलाज की सुविधा उपलब्ध कराने की योजना है&period; उन्होंने कहा कि जरूरतमंद बच्चों को बेहतर इलाज उपलब्ध कराने के उद्देश्य से संस्थान लगातार स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तार कर रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>संस्थान की चिकित्सा निदेशक डॉ&period; मनीषा सिंह ने कहा कि कैंसर जैसी गंभीर बीमारी का समय पर पता चलने और उचित उपचार मिलने पर इसे काफी हद तक नियंत्रित किया जा सकता है&period; इसलिए लोगों को बीमारी के शुरुआती लक्षणों को नजरअंदाज नहीं करना चाहिए&period; नियमित स्वास्थ्य जांच और समय पर चिकित्सकीय सलाह लेना बेहद जरूरी है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>सेमिनार में विशेषज्ञों ने कैंसर और टीबी की रोकथाम के लिए शुरुआती जांच&comma; सही उपचार और जन-जागरूकता को महत्वपूर्ण बताया&period; वक्ताओं ने कहा कि बीमारी के लक्षण नजर आने पर लापरवाही नहीं बरतनी चाहिए और तत्काल चिकित्सकीय सलाह लेनी चाहिए&period; स्वस्थ जीवनशैली अपनाने और नियमित स्वास्थ्य जांच को भी जरूरी बताया गया। कार्यक्रम के दौरान रोटरी इंटरनेशनल के मानवीय कार्यों पर भी चर्चा हुई&period; वक्ताओं ने कहा कि रोटरी लंबे समय से स्वास्थ्य और सामाजिक क्षेत्र में महत्वपूर्ण कार्य करता रहा है&period; पोलियो उन्मूलन के लिए रोटरी इंटरनेशनल की वैश्विक पहल को इसके प्रमुख मानवीय प्रयासों में शामिल बताया गया&period; कार्यक्रम में डॉ&period; एलबी सिंह&comma; सायन कुणाल&comma; श्रुति खेमका&comma; अमिताभ बांका समेत रोटरी इंटरनेशनल के पदाधिकारी&comma; चिकित्सक और अन्य गणमान्य लोग मौजूद रहे&period; सेमिनार के माध्यम से कैंसर और टीबी के खिलाफ सामूहिक जागरूकता बढ़ाने&comma; समय पर जांच और उपचार सुनिश्चित करने तथा समाज के हर वर्ग को स्वस्थ रखने के लिए मिलकर काम करने का संदेश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;

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