जिलाधिकारी द्वारा शहरी व्यवस्था, यातायात प्रबंधन तथा अतिक्रमण-उन्मूलन अभियान की समीक्षा की गई

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>पटना&comma; &lpar;न्यूज़ क्राइम 24&rpar;<&sol;strong> जिलाधिकारी&comma; पटना डॉ&period; चन्द्रशेखर सिंह द्वारा आज अपने कार्यालय-कक्ष में पटना में यातायात प्रबंधन&comma; अतिक्रमण-उन्मूलन अभियान&comma; नागरिक सुविधाओं की उपलब्धता&comma; शहर का सौन्दर्यीकरण एवं अन्य संबंधित विषय पर समीक्षा बैठक की गई। इसमें पटना के बहुमुखी विकास हेतु अल्पकालीन एवं दीर्घकालीन कार्य-योजनाओं पर विस्तृत विमर्श किया गया। स्थानीय आवश्यकताओं के अनुरूप जनहित में विकासात्मक योजनाओं के प्रतिपादन पर विचार किया गया। पदाधिकारियों को संबोधित करते हुए ज़िलाधिकारी ने कहा कि पटना का वृहत स्तर पर विकास हो रहा है। काफ़ी संख्या में पथ&comma; सेतु&comma; फ़्लाई ओवर बनाया गया है। मेट्रो का कार्य तीव्र गति से चल रहा है। सरकार की विभिन्न योजनाओं के सफल क्रियान्वयन ने आम जनता की जीवन शैली में सकारात्मक परिवर्तन लाया है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने अधिकारियों को दीघा से कंगन घाट तक प्रभावी ढंग से अतिक्रमण हटाने का निदेश दिया। उन्होंने कहा कि गंगा नदी के किनारे असर्वेक्षित भूमि पर किसी व्यक्ति विशेष का दावा मान्य नहीं है। साथ ही नेशनल ग्रीन ट्रिब्यूनल एवं माननीय उच्चतम न्यायालय के आदेश से इन क्षेत्रों में किसी भी व्यक्ति द्वारा किसी भी संरचना का निर्माण नहीं किया जा सकता है। उन्होंने सख़्ती से अतिक्रमण हटाने का आदेश दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि वन विभाग द्वारा फेंसिंग का कार्य किया जाएगा। वृक्षारोपण सहित विभिन्न विभागों द्वारा सौन्दर्यीकरण का कार्य किया जाएगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने अधिकारियों को निदेश दिया कि एलसीटी घाट से समाहरणालय तक सहित जेपी गंगापथ पर अनधिकृत वेंडिंग को सख्ती से रोकें। अवैध वेंडिंग करने वालों के विरूद्ध दंडात्मक कार्रवाई करने का निदेश दिया गया। उन्होंने कहा कि पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा इस पथ पर रिवरफ्रंट विकास कार्य प्रक्रियाधीन है। जेपी गंगापथ पर दीघा से एलसीटी घाट तक पार्किंग&comma; ग्रीन बेल्ट&comma; वाकिंग पाथवे एवं वेंडिंग जोन का विकास किया जाएगा। सक्षम प्राधिकार से विधिवत अनुमोदन प्राप्त करते हुए आगे की कार्रवाई की जा रही है। योजना के अनुसार दीघा रोटरी &lpar;अटल पथ-जेपी गंगापथ का मीटिंग प्वाईंट&rpar; के चारों तरफ 100 मीटर के दायरे में नो-वेंडिंग जोन रहेगा। उपर्युक्त 100 मीटर के बाद से जेपी गंगापथ के उत्तरी छोर पर कुर्जी घाट तक लगभग 1&period;2 किलोमीटर की दूरी में वेंडिंग जोन का निर्माण प्रक्रियाधीन है। वेंडिंग जोन के दोनों तरफ पार्किंग की भी व्यवस्था रहेगी। इस वेंडिंग जोन की पार्किंग से एलसीटी घाट तक ग्रीन बेल्ट तथा पाथवे का निर्माण किया जाएगा। यह भी नो-वेंडिंग जोन रहेगा। इस क्षेत्र में सैर करने वाले लोगों के लिए उत्कृष्ट व्यवस्था रहेगी। प्रमंडलीय आयुक्त कार्यालय से दीघा तक जेपी गंगापथ का दक्षिणी छोर पूर्णतः नो-वेंडिंग जोन है। इसे ग्रीन बेल्ट के रूप विकसित किया जाएगा। जिलाधिकारी ने कहा कि पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा विधिवत कार्य किया जा रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि बाईपास में जीरो माईल से टोल प्लाजा-दीदार गंज तक फ्लाई ऐश&comma; धूल-मिट्टी इत्यादि की अधिक समस्या है। इससे लोगों को काफ़ी परेशानी होती है। उन्होंने पदाधिकारियों को फ्लाई ऐश के परिवहन को व्यवस्थित करने का निर्देश दिया। जिलाधिकारी ने अधिकारियों को परिवहन के दौरान फ्लाई ऐश के सड़क पर गिरने की समस्या पर ध्यान देने हेतु एनटीपीसी को अवगत कराने एवं समन्वय स्थापित कर इसे रोकने का आदेश दिया। जिलाधिकारी ने कहा कि परिवहन के दरम्यान सड़क पर फ्लाई ऐश न गिरे इसे सुनिश्चित करें। फ्लाई ऐश के परिवहन में मानकों का अनुपालन किया जाए। एनएचएआई के प्रोजेक्ट डायरेक्टर को सड़क पर के गड्ढों को भरने तथा धूल-मिट्टी हटाने के लिए कार्रवाई करने का निर्देश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने अधिकारियों को अशोक राजपथ पर गोल घर से दीघा तक सड़क पर से अनावश्यक कट बंद करने&comma; अवैध पार्किंग-वेंडिंग एवं रॉंग-साइड ड्राइविंग पर सख़्ती से रोक लगाने का निदेश दिया। उन्होंने अधिकारियों को वेंडर्स सहित सभी स्टेकहोल्डर्स से नियमित संवाद स्थापित करने का निर्देश दिया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि प्रशासन द्वारा आम जनता की सुविधा हेतु यातायात&comma; परिवहन तथा पार्किंग के लिए बेहतर-से-बेहतर व्यवस्था करने का प्रयास किया जा रहा है। पुलिस अधीक्षक &lpar;यातायात&rpar;&semi; अनुमंडल पदाधिकारी&comma; पटना सदर&sol;दानापुर&sol;पटना सिटी तथा अपर जिला दंडाधिकारी &lpar;विधि-व्यवस्था&rpar; की सदस्यता वाली एक त्रि-सदस्यीय समिति लगातार क्रियाशील है जो नगर निगम के अधिकारियों के साथ शहरी क्षेत्रों का लगातार भ्रमण कर नागरिक सुविधाओं की उपलब्धता हेतु आवश्यक कार्रवाई करती है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि नागरिकों के लिए संवेदनशील व्यवस्था का निर्माण&semi; ज़िला में सर्वाेत्तम नागरिक सुविधाओं की उपलब्धता एवं शहर का सौन्दर्यीकरण प्रशासन की सर्वाेच्च प्राथमिकता है। इसके लिए सभी हितधारकों &lpar;स्टेकहोल्डर्स&rpar; को सजग&comma; तत्पर एवं प्रतिबद्ध रहना होगा। उन्होंने कहा कि पटना पूर्वी एवं उत्तर-पूर्वी भारत के लिए द्वार &lpar;गेटवे&rpar; की भूमिका निभाता है। यहाँ उत्कृष्ट यातायात जीवन-सुरक्षा&comma; आर्थिक वृद्धि&comma; विकास एवं लोगों के जीवन-स्तर में सुधार लाने में उत्प्रेरक का काम करेगा। अतः उच्च तकनीकों पर आधारित यातायात-प्रबंधन पटना जैसे महत्वूर्ण शहर के लिए अत्यावश्यक है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि यातायात नियंत्रण में साईन बोर्ड&comma; पब्लिक एड्रेस सिस्टम&comma; वाहन गति उल्लंघन संसूचन&comma; स्वचालित नम्बर प्लेट पहचान तंत्र काफ़ी सहायक होता है। उन्होंने कहा कि लोक-सुरक्षा सुनिश्चित करना हमसब का महत्वपूर्ण दायित्व है। सीसीटीवी-आधारित निगरानी &lpar;सर्वेलेन्स&rpar; तंत्र सुदृढ़ करने से इसमें काफी सहायता मिल सकती है। पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा नगर निगम क्षेत्रों में सीसीटीवी-आधारित सर्विलेंस सिस्टम &lpar;निगरानी केन्द्र&rpar; विकसित की गयी है। एडेप्टिव ट्रैफिक कंट्रोल सिस्टम &lpar;एटीसीएस&rpar;&comma; वैरिएवल मैसेज साईन बोर्ड &lpar;वीएमडी&rpar;&comma; पब्लिक एड्रेस सिस्टम एवं इमर्जेन्सी कॉल बॉक्सेज &lpar;ईसीबी&rpar;&comma; स्पीड व्यालेशन डिटेक्शन &lpar;एसवीडी&rpar;&comma; ऑटोमेटिक नम्बर प्लेट रिकॉग्निशन &lpar;एएनपीआर&rpar; तथा इन्व्यारनमेंटल सेन्सर लोकेशन &lpar;ईएसएल&rpar; प्रणाली का क्रियान्वयन विभिन्न स्थानों पर किया जा रहा है। इंटेलीजेंट ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम लागू किया जा रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>विदित हो कि पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा लगभग 415 स्थानों पर 3300 से ज्यादा सीसीटीवी कैमरा लगाया गया है। इसमें सीसीटीवी सर्विलांस कैमरा 2&comma;602&semi; रेड लाइट वायलेशन डिटेक्शन &lpar;आरएलवीडी&rpar; कैमरा 473&semi; ऑटोमेटिक नम्बर प्लेट रिकॉग्निशन &lpar;एएनपीआर&rpar; कैमरा 150&semi; स्पीड व्यालेशन डिटेक्शन &lpar;एसवीडी&rpar; कैमरा 12 तथा व्हीकल डिटेक्शन एंड क्लासिफिकेशन &lpar;वीडीसी&rpar; कैमरा 120 लगाया गया है। 69 स्थलों पर पब्लिक एड्रेसल सिस्टम द्वारा नियमित तौर पर उद्घोषणा की जाती है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि पटना स्मार्ट सिटी लिमिटेड द्वारा यातायात प्रबंधन एवं निगरानी में काफी अच्छी भूमिका निभाई जा रही है। उन्होंने अधिकारियों को निदेश दिया कि पटना स्मार्ट सिटी परियोजना के तहत इंटीग्रेटेड ट्रैफिक मैनेजमेंट सिस्टम &lpar;आईटीएमएस&rpar; का प्रभावी ढंग से अनुश्रवण करें। सीसीटीवी कैमरों&comma; पब्लिक एड्रेस सिस्टम&comma; ईसीबी&comma; आरएलवीडी&comma; वीएमडी&comma; एएनपीआर आदि का अधिष्ठापन&sol;क्रियाशीलता सुनिश्चित करें।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि राज्य सरकार के उद्देश्यों के अनुरूप प्रशासन का शहर के सौन्दर्यीकरण एवं नागरिक सुविधाओं की उपलब्धता दोनों पर विशेष फोकस है। लोगों से भी फ़ीडबैक एवं सुझाव लिया जाता है। उन्होंने कहा कि सौन्दर्यीकरण के लिए हरित क्षेत्र का विकास किया जा रहा है। यातायात के दृष्टिकोण से मानकों के अनुसार यू-टर्न&comma; वन-वे&comma; ट्रैफिक डायवर्सन&comma; यातायात नियमों का अनुपालन&comma; साईनेजेज का जगह-जगह प्रदर्शन इत्यादि का क्रियान्वयन किया जा रहा है। अवैध पार्किंग पर रोक लगाने से यातायात सुगम रखने में आसानी होगी। सुचारू यातायात व्यवस्था जनहित में अत्यावश्यक है। यह हमारे कार्यशैली एवं जीवन-शैली पर भी काफी प्रभाव डालता है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि जनहित में सड़कों&comma; फुटपाथ एवं सर्विस रोड को अतिक्रमणमुक्त रखना आवश्यक है। इस उद्देश्य से समय-समय पर अतिक्रमण-उन्मूलन अभियान चलाया जाता है। सभी मुख्य मार्गों एवं प्रधान मार्गों &lpar;आर्टिरियल रोड तथा ट्रंक रोड&rpar; से अवैध वेंडिंग तथा अवैध पार्किंग को हटाना जनता के लिए आवश्यक है। किसी भी मार्ग पर किसी भी तरह की अनधिकृत व्यावसायिक गतिविधि की स्वीकृति नहीं दी जा सकती है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि वाहनों की संख्या में अप्रत्याशित वृद्धि के कारण अक्सर यातायात पर दबाव देखा जा रहा है। कंजेशन की समस्या दूर करने तथा सुचारू परिवहन के लिए बेहतर प्रबंधन आवश्यक है। इससे सड़क दुर्घटना को रोका जा सकता है। नेहरू पथ &lpar;सगुना मोड़-राजाबाजार-चिड़ियाघर-राजवंशी नगर-शास्त्री नगर-विश्वेश्वरैया भवन&sol;विकास भवन-बिहार म्यूजियम-आयकर चौराहा&rpar;&comma; खगौल नहर रोड&comma; अटल पथ&comma; चितकोहरा&comma; गर्दनीबाग&comma; बोरिंग रोड&comma; कंकड़बाग&comma; चिरैयाटांड पुल&comma; बांकीपुर&comma; कुम्हरार&comma; बाईपास&comma; अशोक राजपथ&comma; पटना सिटी एवं अन्य किसी भी क्षेत्र में यातायात में बाधा उत्पन्न नहीं होनी चाहिए।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि नागरिक सुविधाओं का विशेष ध्यान रखना ज़रूरी है। इसके लिए पार्किंग विकास&comma; हरित विकास तथा अतिक्रमण मुक्ति की योजना चल रही है। इस कार्य योजना में आवश्यकता के अनुसार यू टर्न&comma; पार्किंग&comma; हरित क्षेत्र विकास किया जाएगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इस बैठक में पुलिस अधीक्षक&comma; यातायात&comma; अनुमंडल पदाधिकारी&comma; पटना सदर&comma; अपर जिला दंडाधिकारी &lpar;विधि-व्यवस्था&rpar;&comma; अपर जिला दंडाधिकारी &lpar;नगर-व्यवस्था&rpar;&comma; ज़िला परिवहन पदाधिकारी&comma; पुलिस उपाधीक्षक यातायात&comma; नगर कार्यपालक पदाधिकारीगण एवं अन्य भी उपस्थित थे।<&sol;p>&NewLine;

Advertisements

Related posts

पटना जिला न्यायालय का बड़ा आदेश : रुक्मणी बिल्डटेक की संपत्ति होगी कुर्क

टूटी पाइपलाइन से घरों में पहुंच रहा नाले का गंदा पानी

शाहपुर डबल मर्डर पर सांसद पप्पू यादव का हमला : अपराधियों को संरक्षण दे रही है सरकार