स्ट्रोक के इलाज में पारस एचएमआरआई की पहल, फ्री एडवांस एम्बुलेंस सेवा शुरू

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>फुलवारीशरीफ&comma; अजित<&sol;strong>। पटना में स्ट्रोक जैसी गंभीर बीमारी के त्वरित इलाज को लेकर पारस एचएमआरआई हॉस्पिटल ने अहम पहल की है&period; अस्पताल को स्ट्रोक रेडी हॉस्पिटल के रूप में विकसित करते हुए ऑन-साइट एडवांस स्ट्रोक केयर फ्री एम्बुलेंस सेवा शुरू की गई है&comma; ताकि मरीजों को समय पर इलाज मिल सके&period;<br><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इसी क्रम में गुरुवार को अस्पताल परिसर के इमरजेंसी एरिया के पास एक जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया&comma; जिसमें 30 ऐसे मरीज शामिल हुए जिन्होंने यहां स्ट्रोक का सफल इलाज और सर्जरी कराई है&period; अस्पताल में 24 घंटे इमरजेंसी सपोर्ट&comma; एडवांस सीटी और एमआरआई जांच&comma; स्ट्रोक रिस्पॉन्स प्रोटोकॉल&comma; आईसीयू सुविधा और न्यूरो रिहैबिलिटेशन जैसी सेवाएं उपलब्ध हैं।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जोनल डाइरेक्टर अनिल कुमार ने कहा कि स्ट्रोक के मामलों में समय पर इलाज सबसे बड़ा जीवन रक्षक होता है&period; फ्री एडवांस एम्बुलेंस सेवा शुरू होने से मरीजों को एक ही जगह पर त्वरित और समन्वित इलाज मिलेगा। डायरेक्टर जनरल सर्जरी डॉ&period; एए हई&comma; वरिष्ठ न्यूरोलॉजिस्ट डॉ&period; अभिषेक&comma; न्यूरोसर्जरी विभाग के चीफ कंसल्टेंट डॉ&period; वीर अभिमन्यु पंडित और इमरजेंसी विभागाध्यक्ष डॉ&period; चंदन किशोर ने भी समय पर पहचान और इलाज के महत्व पर जानकारी दी&period; कार्यक्रम में डॉ&period; हेमंत&comma; डॉ&period; राम सागर राय&comma; डॉ शहजादा और डॉ&period; राजेश भी मौजूद रहे। पारस एचएमआरआई अस्पताल ने वर्ष 2013 में अपनी सेवा शुरू की थी&period; यह बिहार का पहला कॉर्पोरेट अस्पताल है जिसे एनएबीएच मान्यता प्राप्त है और यहां 400 से अधिक बेड&comma; 80 आईसीयू बेड&comma; कैंसर उपचार की सुविधा&comma; LINAC मशीन और PET-CT जैसी आधुनिक व्यवस्था उपलब्ध है।<&sol;p>&NewLine;

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