IIFF 2026 में बिहार ने पेश की अपनी औद्योगिक ताकत, फुटवियर और लेदर सेक्टर में ₹125 करोड़ के निवेश प्रस्ताव

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>नई दिल्ली&sol;पटना&comma; &lpar;न्यूज़ क्राइम 24<&sol;strong>&rpar; राजधानी के भारत मंडपम में आयोजित 10वें इंडिया इंटरनेशनल फुटवियर फेयर &lpar;IIFF&rpar; 2026 में बिहार ने खुद को देश के उभरते हुए फुटवियर विनिर्माण केंद्र के रूप में मजबूती से प्रस्तुत किया। &OpenCurlyDoubleQuote;Bihar&colon; The Next Frontier of Global Footwear Manufacturing” विषय पर आयोजित राज्य सत्र में सरकार&comma; उद्योग जगत&comma; निवेशकों और विशेषज्ञों ने बिहार में फुटवियर एवं लेदर उद्योग की संभावनाओं पर विस्तृत चर्चा की। राज्य सत्र के दौरान बिहार की औद्योगिक नीतियों&comma; निवेश-अनुकूल वातावरण&comma; भूमि उपलब्धता&comma; बेहतर कनेक्टिविटी&comma; लॉजिस्टिक्स और तेजी से विकसित हो रहे औद्योगिक बुनियादी ढांचे को देश-विदेश के निवेशकों के सामने रखा गया। कार्यक्रम के दौरान बिहार सरकार और दो प्रमुख निवेशकों के बीच कुल ₹125 करोड़ के निवेश प्रस्तावों के लिए समझौता ज्ञापन &lpar;MoU&rpar; भी हुए। इन परियोजनाओं से लगभग 1&comma;800 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने की उम्मीद है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यक्रम की शुरुआत बिहार राज्य मंडप के उद्घाटन और प्रदर्शनी भ्रमण से हुई। इसके बाद आयोजित राज्य सत्र में सरकार और उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने बिहार को फुटवियर उद्योग के नए गंतव्य के रूप में स्थापित करने की दिशा में राज्य की तैयारियों और अवसरों पर चर्चा की।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>बिहार सरकार की उद्योग एवं खेल मंत्री सुश्री श्रेयसी सिंह ने निवेशकों को बिहार में निवेश के लिए आमंत्रित करते हुए कहा कि राज्य सरकार उद्योगों को बढ़ावा देने के लिए नीतिगत सुधारों के साथ बेहतर आधारभूत सुविधाएं उपलब्ध करा रही है। उन्होंने कहा कि बिहार में श्रमशक्ति&comma; संसाधन&comma; बेहतर कनेक्टिविटी और निवेश के अनुकूल वातावरण उपलब्ध है&comma; जो फुटवियर एवं लेदर उद्योग के लिए राज्य को एक मजबूत विकल्प बनाता है। उन्होंने निवेशकों से बिहार की औद्योगिक विकास यात्रा का हिस्सा बनने का आह्वान किया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>उद्योग विभाग के सचिव श्री कुंदन कुमार ने अपने प्रस्तुतीकरण में बिहार की औद्योगिक नीतियों&comma; भूमि उपलब्धता&comma; प्रोत्साहन योजनाओं&comma; लॉजिस्टिक नेटवर्क और निवेश प्रक्रिया को सरल बनाने के लिए उठाए गए कदमों की जानकारी दी। उन्होंने कहा कि सरकार उद्योगों को शीघ्र स्वीकृति&comma; आधुनिक औद्योगिक अवसंरचना और आवश्यक सुविधाएं उपलब्ध कराने के लिए प्रतिबद्ध है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>उन्होंने बताया कि मुजफ्फरपुर के महवल में मेगा लेदर&comma; फुटवियर एवं एक्सेसरीज पार्क विकसित किया गया है। यहां निवेशकों के लिए प्लॉट लीज आधार पर और प्लग एंड प्ले सुविधाएं मासिक किराये के आधार पर उपलब्ध कराई जा रही हैं। इससे फुटवियर और लेदर उद्योगों के लिए तैयार औद्योगिक आधार उपलब्ध होगा तथा राज्य में बड़े पैमाने पर विनिर्माण को बढ़ावा मिलेगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>बिहार भवन के स्थानिक आयुक्त श्री मनोज कुमार सिंह ने कहा कि दिल्ली स्थित बिहार भवन निवेशकों और उद्योग जगत के लिए राज्य सरकार के साथ संवाद का प्रभावी माध्यम बना है। उन्होंने कहा कि बिहार में निवेश के इच्छुक उद्यमियों को हर संभव सहयोग उपलब्ध कराया जा रहा है&comma; ताकि उद्योग स्थापना की प्रक्रिया तेज और सहज हो सके।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>एफडीडीआई के प्रबंध निदेशक श्री विवेक शर्मा ने कौशल विकास&comma; डिजाइन और आधुनिक तकनीक की भूमिका पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि वैश्विक प्रतिस्पर्धा में आगे बढ़ने के लिए गुणवत्ता और नवाचार महत्वपूर्ण हैं। बिहार में कुशल मानव संसाधन तैयार करने की व्यापक संभावनाएं हैं&comma; जिनका लाभ फुटवियर उद्योग को मिल सकता है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>सत्र के दौरान उद्योग जगत के प्रतिनिधियों ने भी बिहार में उद्योग स्थापित करने के अपने अनुभव साझा किए। कॉम्पिटेंस एक्सपोर्ट्स के प्रबंध निदेशक श्री धनेश प्रसाद और कॉम्फी फुटवियर के निदेशक श्री जयकांत ने राज्य सरकार की सकारात्मक नीतियों और सहयोगात्मक दृष्टिकोण की सराहना की। उन्होंने कहा कि राज्य में निवेश का वातावरण लगातार बेहतर हुआ है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>बिहार में फुटवियर एवं लेदर सेक्टर में ₹125 करोड़ के निवेश प्रस्ताव<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>IIFF 2026 के दौरान बिहार सरकार और दो प्रमुख निवेशकों के बीच निवेश प्रस्तावों के लिए MoU हुए।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>Lehar Footwear Private Limited के साथ ₹100 करोड़ के निवेश का MoU किया गया है। इस परियोजना से लगभग 1&comma;500 प्रत्यक्ष रोजगार के अवसर सृजित होने की उम्मीद है। यह निवेश बिहार में फुटवियर विनिर्माण और इससे जुड़ी औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने के साथ स्थानीय स्तर पर रोजगार के नए अवसर पैदा करेगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>वहीं&comma; Patna Leather Garment के साथ ₹25 करोड़ के प्रस्तावित निवेश के लिए MoU किया गया है। इस परियोजना से लगभग 300 प्रत्यक्ष रोजगार सृजित होने का अनुमान है। यह समझौता बिहार के लेदर एवं गारमेंट क्षेत्र में औद्योगिक गतिविधियों को बढ़ावा देने की दिशा में महत्वपूर्ण कदम है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>Patna Leather Garment के साथ MoU का निष्पादन 30 जुलाई 2026 को पटना में बिहार सरकार के उद्योग निदेशक श्री मुकुल कुमार गुप्ता&comma; IAS तथा Patna Leather Garment के पार्टनर मो&period; मुशाहिद रज़ा खान द्वारा किया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इन दोनों निवेश प्रस्तावों से बिहार के लेदर एवं फुटवियर सेक्टर में औद्योगिक विस्तार&comma; रोजगार सृजन और निवेश को गति मिलने की उम्मीद है। साथ ही&comma; इससे राज्य में फुटवियर निर्माण के साथ-साथ इससे जुड़े कंपोनेंट्स&comma; कच्चे माल&comma; लॉजिस्टिक्स&comma; कौशल विकास और सहायक उद्योगों के लिए भी नए अवसर पैदा होंगे।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इससे पहले 10वें इंडिया इंटरनेशनल फुटवियर फेयर का उद्घाटन केंद्रीय वस्त्र मंत्री श्री गिरिराज सिंह ने किया। उन्होंने तकनीकी वस्त्र&comma; आधुनिक विनिर्माण और नवाचार को बढ़ावा देने पर जोर देते हुए कहा कि भारत का फुटवियर उद्योग वैश्विक स्तर पर अपनी मजबूत पहचान बना सकता है। उन्होंने उद्योगों से सरकार की विभिन्न प्रोत्साहन योजनाओं का लाभ उठाने और निर्यात बढ़ाने की दिशा में आगे आने का आह्वान किया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>भारत मंडपम में आयोजित यह तीन दिवसीय अंतरराष्ट्रीय व्यापार प्रदर्शनी देश-विदेश के फुटवियर निर्माताओं&comma; निर्यातकों&comma; खरीदारों&comma; मशीनरी एवं प्रौद्योगिकी कंपनियों को एक मंच पर लेकर आई। प्रदर्शनी में आधुनिक फुटवियर&comma; मशीनरी&comma; कंपोनेंट्स&comma; कच्चे माल और अत्याधुनिक विनिर्माण तकनीकों का प्रदर्शन किया गया। IIFF 2026 में बिहार की भागीदारी ने राज्य की बढ़ती औद्योगिक क्षमता और फुटवियर एवं लेदर सेक्टर में उपलब्ध निवेश अवसरों को राष्ट्रीय एवं अंतरराष्ट्रीय उद्योग जगत के सामने प्रभावी रूप से प्रस्तुत किया। ₹125 करोड़ के निवेश प्रस्ताव और लगभग 1&comma;800 प्रत्यक्ष रोजगार की संभावनाएं बिहार के फुटवियर एवं लेदर उद्योग के लिए एक महत्वपूर्ण कदम हैं।<&sol;p>&NewLine;

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