अररिया : जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र, के कर्मियों ने बिहार सरकार के द्वारा मांग पुरा नही होने पर अनिश्चितकालीन हड़ताल पर बैठ गए है

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong><mark style&equals;"color&colon;&num;cf2e2e" class&equals;"has-inline-color has-vivid-red-color">अररिया&comma; रंजीत ठाकुर।<&sol;mark><&sol;strong> बिहार राज्य विंडो ऑपरेटर &sol;मल्टी परपस असिस्टेंट संघ&comma; बिहार पटना के आवाहन पर जिला निबंधन एवं परामर्श केंद्र &sol; बिहार राज्य शिक्षा वित्त निगम अररिया के सभी सिंगल विंडो ऑपरेटर मल्टी परपस असिस्टेंट एक बार फिर अनिश्चित कालीन हड़ताल पर चले गए है। बता दें कि बिहार राज्य सिंगल विंडो ऑपरेटर मल्टी परपस असिस्टेंट संघ&comma; बिहार पटना के द्वारा अपनी विभिन्न मांगों जैसे चौधरी कमेटी की अनुशंसा लागू करने&comma; मानदेय वृद्धि&comma; निकटवर्ती जिला में स्थानांतरण आदि को लेकर विगत 14 मार्च 2023 से शांतिपूर्ण तरीके से अनिश्चितकालीन हड़ताल किया गया था। <&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिस दौरान तत्कालीन मुख्य महाप्रबंधक बिहार विकास मिशन मिथिलेश मिश्रा के द्वारा संघ के प्रदेश अध्यक्ष आकाश सिंह के साथ वार्ता कर सभी मांगों पर लिखित समझौता कर पांचवें दिन हड़ताल अस्थगित करवाई गई थी कि दो महीने के अंदर आपकी मांगों को पूरा कर दिया जाएगा लेकिन उसके कुछ समय पश्चात ही मिथिलेश मिश्रा का स्थानांतरण किसी अन्य विभाग में कर दिया गया तथा उनकी मांगों को ठंडा बस्ती में डाल दिया गया अब बिहार विकास मिशन द्वारा एक नया फरमान जारी कर इन कर्मियों के वेतन में प्रत्येक वर्ष होने वाली 10&percnt; वृद्धि पर भी रोक लगा दी गई है इस बीच राज्य स्तरीय संघ के द्वारा समय-समय पर बिहार विकास मिशन प्रबंध को पत्राचार और मुख्य महाप्रबंधक से मिलने का अथक प्रयास किया गया&comma; किंतु उनके द्वारा मिलने से साफ इनकार कर दिया गया है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;

Advertisements

Related posts

मजदूर की मौत पर फूटा गुस्सा : मुआवजा और अंडरपास की मांग को लेकर एनएच पर बवाल…

शाम 6 बजे बेउर जेल से निकले अनंत सिंह

दुर्लभ रोगों पर जागरूकता की नई पहल, एम्स पटना और आरडीआईएफ की संयुक्त कार्यशालाएं सफल