कार्यस्थल पर महिला सुरक्षा और सम्मान को लेकर एम्स पटना में दो दिवसीय कार्यशाला

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>फुलवारीशरीफ&comma; अजीत<&sol;strong>। कार्यस्थल पर महिला सुरक्षा&comma; सम्मान और शिकायतों के निष्पक्ष निपटारे को लेकर एम्स पटना में दो दिवसीय रणनीतिक इन-हाउस कार्यशाला का आयोजन किया गया है&period; कार्यशाला का विषय &OpenCurlyDoubleQuote;तथ्य जांच एवं जांच प्रक्रिया&comma; शिकायतों का गोपनीय तरीके से निपटारा और इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों का प्रबंधन” रखा गया है&period; यह कार्यशाला 21 और 22 अगस्त तक चलेगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यशाला का आयोजन नेशनल इंस्टीट्यूट फॉर प्रोफेशनल ट्रेनिंग एंड डेवलपमेंट द्वारा किया गया है&period; इसका उद्घाटन एम्स पटना के कार्यकारी निदेशक प्रो&period; ब्रिगेडियर डॉ&period; राजू अग्रवाल ने किया&period; मौके पर उप निदेशक प्रशासन नीलोत्पल बल&comma; चिकित्सा अधीक्षक प्रो&period; डॉ&period; प्रशांत कुमार सिंह&comma; चिकित्सक&comma; संकाय सदस्य&comma; प्रशासनिक अधिकारी और कर्मचारी मौजूद रहे।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>उद्घाटन के दौरान प्रो&period; ब्रिगेडियर डॉ&period; राजू अग्रवाल ने कहा कि कार्यस्थल पर होने वाली किसी भी शिकायत को केवल प्रशासनिक प्रक्रिया के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए&period; इसके पीछे किसी व्यक्ति की गरिमा&comma; सुरक्षा और संस्थान के प्रति उसका विश्वास जुड़ा होता है&period; उन्होंने कहा कि शिकायतों और जांच के मामलों में पारदर्शिता&comma; गोपनीयता&comma; निष्पक्षता और प्रक्रियात्मक न्याय को सर्वोच्च प्राथमिकता दी जानी चाहिए।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>उन्होंने अधिकारियों और आंतरिक समिति के सदस्यों की क्षमता वृद्धि को जरूरी बताते हुए कहा कि संवेदनशील मामलों को संभालने के लिए केवल नियमों की जानकारी पर्याप्त नहीं है&period; इसके लिए संवेदनशील दृष्टिकोण&comma; धैर्य&comma; निष्पक्ष सोच और उचित प्रक्रिया की समझ भी आवश्यक है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>दो दिवसीय कार्यशाला में कार्यस्थल पर यौन उत्पीड़न से संबंधित कानून और उसके विभिन्न पहलुओं की जानकारी सरल और व्यावहारिक तरीके से दी जा रही है&period; इसमें यौन उत्पीड़न की अवधारणा&comma; विभिन्न परिस्थितियां&comma; आंतरिक समिति का गठन और उसकी भूमिका&comma; समिति सदस्यों की जिम्मेदारियां तथा दायित्व जैसे विषय शामिल हैं।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यशाला में शिकायतों की गोपनीयता बनाए रखने&comma; निष्पक्ष रहने और हितों के टकराव से बचने जैसे महत्वपूर्ण पहलुओं पर भी विशेष चर्चा की जा रही है&period; प्रतिभागियों को शिकायत दर्ज करने की प्रक्रिया&comma; निर्धारित समय सीमा&comma; सुलह की संभावनाएं&comma; अंतरिम राहत और जांच शुरू होने से पहले अपनाए जाने वाले आवश्यक कदमों की जानकारी दी जा रही है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>प्राकृतिक न्याय के सिद्धांतों और साक्ष्य प्रबंधन को भी कार्यशाला का महत्वपूर्ण हिस्सा बनाया गया है&period; प्रतिभागियों को साक्ष्य जुटाने&comma; उन्हें सही तरीके से दर्ज करने&comma; रिकॉर्ड सुरक्षित रखने और निर्धारित समय सीमा के भीतर जांच प्रक्रिया पूरी करने का प्रशिक्षण दिया जा रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>बदलते डिजिटल दौर को देखते हुए इलेक्ट्रॉनिक साक्ष्यों की पहचान&comma; संरक्षण और उचित प्रबंधन पर भी विशेष ध्यान दिया जा रहा है&comma; ताकि जांच प्रक्रिया तथ्यात्मक&comma; विश्वसनीय और कानूनी रूप से मजबूत बनी रहे।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>कार्यशाला के सत्र डॉ&period; पंकज के&period; पी&period; श्रेयस्कर द्वारा संचालित किए जा रहे हैं&period; वे प्रतिभागियों को शिकायत और जांच प्रक्रिया के कानूनी तथा व्यावहारिक पहलुओं से अवगत करा रहे हैं और वास्तविक परिस्थितियों से जुड़े उदाहरणों के माध्यम से विभिन्न प्रक्रियाओं को समझा रहे हैं।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>एम्स पटना प्रबंधन का कहना है कि कार्यशाला का उद्देश्य अधिकारियों और आंतरिक समिति के सदस्यों को सही प्रक्रिया&comma; सही दृष्टिकोण और सही निर्णय के साथ संवेदनशील मामलों को संभालने के लिए तैयार करना है&period; संस्थान का लक्ष्य ऐसा सुरक्षित&comma; सम्मानजनक और भरोसेमंद कार्यस्थल तैयार करना है&comma; जहां हर व्यक्ति की गरिमा सुरक्षित रहे&comma; हर शिकायत को गंभीरता से सुना जाए और हर जांच निष्पक्षता तथा कानून के अनुरूप हो।<&sol;p>&NewLine;

Related posts

स्टार्टअप के लिए पटना में तैयार हो रहा नया इकोसिस्टम

बिहार बदलाव के करीब, 4 साल में अर्थव्यवस्था 4 गुना करेंगे : वर्ल्ड लीडर्स फोरम में बोले सीएम सम्राट चौधरी

सीएम सम्राट चौधरी ने की वित्त मंत्री निर्मला सीतारमण से मुलाकात