अर्हता-प्राप्त कोई भी मतदाता छूटे नहीं, उनका नाम मतदाता सूची में शामिल हो तथा वे अपने मताधिकार का प्रयोग करें : डीएम

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>पटना&comma; &lpar;न्यूज़ क्राइम 24&rpar; जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिलाधिकारी&comma; पटना डॉ&period; त्यागराजन एस&period;एम&period; ने सभी 14 निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों तथा स्वीप कोषांग में शामिल लगभग 20 विभागों के जिला-स्तरीय पदाधिकारियों को आसन्न बिहार विधान सभा निर्वाचन&comma; 2025 के आलोक में मिशन 60 अभियान को सफल बनाने का निदेश दिया है। उन्होंने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग के दिशा निर्देश में यह अभियान चलाया जा रहा है। इसके तहत प्रत्येक विधानसभा क्षेत्र में न्यूनतम मतदान प्रतिशत वाले 60 मतदान केन्द्रों का चयन कर इन केन्द्रों पर विशेष प्रयासों के माध्यम से मतदान प्रतिशत को 66 प्रतिशत तक पहुँचाने का लक्ष्य है। इसके अतिरिक्त प्रत्येक विधानसभा निर्वाचन क्षेत्र एवं पूरे पटना जिला के मतदान प्रतिशत को भी राष्ट्रीय औसत लगभग 66 प्रतिशत तक ले जाने का लक्ष्य रखा गया है। जिलाधिकारी ने कहा कि सभी पदाधिकारी इसके लिए सजग&comma; तत्पर एवं प्रतिबद्ध रहें।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि सभी स्टेकहोल्डर्स से अपेक्षा है कि मतदाताओं को उनके मत का महत्व बताएँ तथा उन्हें मतदान के लिए प्रेरित करें। उन्होंने कहा कि चुनाव में हमारे फर्स्ट टाइम वोटर्स&comma; युवा मतदाताओं&comma; वरिष्ठ मतदाताओं तथा महिला निर्वाचकों की भागीदारी अत्यन्त महत्वपूर्ण है। जीविका&comma; शिक्षा&comma; आईसीडीएस&comma; कल्याण&comma; पंचायती राज&comma; ग्रामीण विकास&comma; आईपीआरडी&comma; स्वास्थ्य&comma; कृषि&comma; नगर विकास&comma; आपूर्ति&comma; बैंक&comma; रेलवे&comma; डाक विभाग&comma; सिविल सोसाइटी&comma; स्वयं सेवी संस्थाओं सहित सभी विभागों एवं हितधारकों से लोगों को निर्वाचन प्रक्रिया में सक्रिय रूप से शामिल होने के लिए प्रोत्साहित एवं प्रेरित करने का आह्वान किया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि शीघ्र विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण &lpar;एसएसआर&rpar; शुरू होने वाला है। एसएसआर की प्रक्रिया में सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी बूथ स्तर पर समीक्षा करें और हर एक बूथ की जानकारी रखें। उन्होंने कहा कि सभी बीएलओ डोर-टू-डोर विजिट करेंगे तथा निर्वाचक निबंधन पदाधिकारी बीएलओ के कार्यों का गंभीरता से मॉनिटरिंग करेंगे। उन्होंने अर्हता-प्राप्त सभी युवाओं का नाम निर्वाचक सूची में जोड़ने का निदेश दिया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि विगत चुनाव में कम वीटीआर वाले क्षेत्रों यथा दीघा&comma; कुम्हरार एवं बांकीपुर विधानसभा निर्वाचन क्षेत्रों में मतदान प्रतिशत में वृद्धि के लिए विशेष प्रयास करें। उन्होंने सभी स्टेकहोल्डर्स यथा जीविका दीदियों&comma; आईसीडीएस कर्मियों&comma; विकास मित्रों&comma; पीडीएस विक्रेताओं&comma; शिक्षकों&comma; अध्यापकों&comma; प्राध्यापकों&comma; विद्यार्थियों&comma; खिलाड़ियों&comma; मीडिया बंधुओं&comma; वरिष्ठ नागरिकों&comma; स्वयंसेवी संस्थाओं के प्रतिनिधियों इत्यादि से इस कार्य में सकारात्मक&comma; रचनात्मक एवं सृजनात्मक भूमिका निभाने का आह्वान किया ताकि वीटीआर में अच्छी वृद्धि हो। जिलाधिकारी द्वारा अधिकारियों को विगत आम चुनाव में कम मतदान प्रतिशत वाले मतदान केन्द्रों के निर्वाचकों&comma; युवाओं&comma; भेद्य मतदाताओं के टोलों&comma; दिव्यांगजन&comma; शहरी मतदाताओं एवं महिलाओं को मतदान के लिए प्रेरित करने हेतु विशेष अभियान चलाने का निर्देश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को निर्देश देते हुए कहा कि भारत निर्वाचन आयोग द्वारा निर्धारित मापदंडों के अनुसार बीएलओ के माध्यम से निर्वाचक नामावली का सतत अद्यतीकरण एवं विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण की तैयारी त्रुटिहीन ढ़ंग से कराएँ। उन्होंने कहा कि आसन्न बिहार विधानसभा निर्वाचन के लिए भारत निर्वाचन आयोग के निदेशों के अनुसार सम्पूर्ण तैयारी सुनिश्चित करें। मतदाता सूची में नाम जोड़ने&comma; हटाने या संशोधन करने में आयोग के दिशा-निदेशों का अक्षरशः अनुपालन करें। जिलाधिकारी ने निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को कहा कि निर्वाचक सूची से किसी भी मतदाता का नाम विलोपित करने में प्रक्रिया का शत-प्रतिशत अनुपालन करें। यह सुनिश्चित करें कि अर्हता-प्राप्त कोई भी मतदाता छूटे नहीं&comma; उनका नाम मतदाता सूची में शामिल हो तथा वे अपने मताधिकार का प्रयोग करें। निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को बीएलओ के कार्यों का स्वयं भौतिक सत्यापन एवं नियमित पर्यवेक्षण करने के साथ आयोग के दिशा-निर्देशों का अक्षरशः अनुपालन सुनिश्चित करने का निदेश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि पूरे जिला में 4&comma;906 मतदान केन्द्र &lpar;पोलिंग स्टेशन्स&rpar; तथा 2&comma;944 पोलिंग स्टेशन लोकेशन्स है। अधिकतम 10 बीएलओ पर एक बीएलओ-सुपरवाइजर की नियुक्ति की गई है। पूरे पटना जिला में 4&comma;906 बीएलओ एवं 527 बीएलओ-सुपरवाइजर हैं। सभी बीएलओ&comma; बीएलओ-सुपरवाइजर&comma; एईआरओ&comma; ईआरओ सहित निर्वाचन से जुड़े सभी अधिकारी का पूर्व में ही प्रशिक्षण हो चुका है। जिलाधिकारी ने कहा कि प्रशिक्षण चुनाव को आयोग के निर्देशानुसार स्वतंत्र&comma; निष्पक्ष एवं शांतिपूर्ण माहौल में त्रुटिरहित ढंग से संपन्न कराने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। आप सभी इससे लाभान्वित होकर अपने-अपने दायित्वों का बखूबी निर्वहन करें।<code>•<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><code> ज़िलाधिकारी ने कहा कि पदाधिकारियों को मतदाता सूची से संबंधित संवैधानिक व कानूनी प्रावधान&comma; लोक प्रतिनिधित्व अधिनियम&comma; 1950 एवं अन्य के बारे में विस्तार से जानकारी दी गई है। उन्होंने मतदाता सूची अद्यतीकरण के तहत मतदाता सूची में पंजीकरण&comma; नाम विलोपित करने तथा स्थानांतरण से संबंधित आवेदनों का निष्पादन तत्परता से करने का निदेश दिया ताकि मतदाता सूची में अशुद्धि नहीं रहे। निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को अपने-अपने क्षेत्रों में बूथों पर आश्वस्त न्यूनतम सुविधा &lpar;एएमएफ&rpar; अभी से ही पूरा करने का निदेश दिया गया। • <&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><code>ज़िलाधिकारी ने कहा कि बीएलओ चुनाव संबंधी कर्तव्यों के निष्पादन में मतदाताओं और आयोग के बीच प्रथम प्रतिनिधि &lpar;interface&rpar; का अहम दायित्व निभाते हैं। घर-घर विजिट कर आयोग के निर्देशों के अनुसार काम करते हैं। ज़िलाधिकारी ने कहा कि भारत निर्वाचन आयोग ने बीएलओ को सुविधा प्रदान करने सहित निर्वाचक नामावलियों की सटीकता में सुधार लाने तथा नागरिकों के लिए मतदान प्रक्रिया को और अधिक सुविधाजनक बनाने के उद्देश्य से कई नई पहलें की हैं। मतदाता सूचना पर्चियों को और अधिक निर्वाचक-अनुकूल बनाया जा रहा है। मतदाता सत्यापन और पंजीकरण अभियान के दौरान सुविधा&comma; पंजीकृत मृत्यु के बारे में समय पर जानकारी&comma; फील्ड विजिट के माध्यम से सत्यापन इत्यादि के बारे में नई पहल की गई है।<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि हमलोगों का लक्ष्य है कि इस बार जिला का मतदान प्रतिशत बढ़े। इसके लिए सभी विधानसभा क्षेत्रों में सघन मतदाता जागरूकता अभियान चलाएँ। शहरी क्षेत्रों में मतदान के प्रति उदासीनता अच्छी बात नहीं है। अर्बन एपैथी को दूर करने के लिए हरसंभव प्रयास करें। पर्सन-टू-पर्सन कांटैक्ट तथा डोर-टू-डोर विजिट करें। मतदाताओं को उनके मत का महत्व बताएँ तथा उन्हें मतदान के लिए प्रेरित करें। पूरे पटना जिला के मतदान प्रतिशत को राष्ट्रीय औसत लगभग 66 प्रतिशत तक ले जाने हेतु हम सभी को शहरी क्षेत्रों के मतदान प्रतिशत वृद्धि हेतु मेहनत के साथ काम करने की आवश्यकता है। मतदाताओं के बूथ तक न पहुँच पाने पर चर्चा करते हुए उन्होंने कहा कि अधिकारीगण नॉक-द -डोर कार्यक्रम के माध्यम से घर-घर जाकर मतदाताओं से संवाद स्थापित कर उन्हें वोट डालने के लिए प्रोत्साहित करें। घर-घर जाकर मतदाताओं जिनमें महिलाओं&comma; सीनियर सिटीजन एवं फर्स्ट टाइम वोटर हैं को विशेष रूप से जागरूक किया जाए। जिलाधिकारी ने कहा कि स्वीप कार्यक्रम का ध्येय यह है कि एक-एक मतदाता अपने बूथ के बारे में जानें तथा निष्पक्ष ढंग से बिना किसी भय या प्रलोभन के वोट&ast; डालें।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि पुनरीक्षण पूर्व गतिविधियाँ नियमानुसार पूरा करें। 1200 निर्वाचकों के आधार पर मतदान केन्द्रों के युक्तिकरण की तैयारी&comma; नए मतदान केन्द्र भवन को चिन्हित करने का कार्य&comma; मतदान केन्द्रों पर आश्वस्त न्यूनतम सुविधाएँ &lpar;एएमएफ&rpar;&comma; कार्मिक डाटाबेस की तैयारी एवं अद्यतीकरण तथा स्वीप संबंधी गतिविधियों पर विशेष ध्यान देने का निर्देश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि जो मतदाता जानकारी के अभाव में मतदान केंद्र तक नहीं पहुँच पाते हैं उनके पास पहुँचने की आवश्यकता है । मतदाता जागरूकता अभियान में लगे कर्मी मतदाताओं को टाॅल फ्री नंबर 1950 के बारे में बतायें तथा मतदाताओं को बीएलओ के माध्यम से जानकारी दें। उन्होंने कहा कि मतदान प्रतिशत में वृद्धि हेतु एक भी मतदाता न छूटे के ध्येय से जिला प्रशासन हर संभव प्रयास मतदाताओं की सहायता हेतु कर रही है जिससे उन्हें किसी भी प्रकार की समस्या न हो। जिलाधिकारी ने पटनावासियों से अपील की कि इसबार पटना के हर क्षेत्र में मतदान प्रतिशत का रिकॉर्ड स्थापित करें। ज़िलाधिकारी ने सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को आगामी विशेष संक्षिप्त पुनरीक्षण &lpar;एसएसआर&rpar; की प्रक्रिया के दौरान बूथ स्तर पर समीक्षा करने&comma; हर एक बूथ की जानकारी रखने&comma; सभी बीएलओ के द्वारा डोर-टू-डोर विजिट सुनिश्चित करने&comma; बीएलओ के कार्यों का गंभीरता से मॉनिटरिंग करने तथा अर्हता-प्राप्त सभी युवाओं के नाम निर्वाचक सूची में जोड़ने का निदेश दिया। साथ ही मतदाता सूची अद्यतीकरण से सम्बंधित विभिन्न फॉर्म जैसे फॉर्म-6&comma; फॉर्म-7 तथा फॉर्म-8 के बारे में विस्तार से जानकारी देने तथा भारत निर्वाचन आयोग के विभिन्न ऐप जैसे वोटर हेल्पलाइन ऐप&comma; सक्षम ऐप&comma; केवाईसी ऐप तथा मतदाता हेल्पलाइन नंबर 1950 की उपयोगिता और महत्व के बारे में लोगों को विस्तार से जानकारी देने का निर्देश दिया गया।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>अपना मतदाता विवरण electoralsearch&period;eci&period;gov&period;in पर खोजें। यदि आपका नाम अभी भी इसमें शामिल नहीं है और आप 18 वर्ष की आयु पूरी कर चुके हैं तो voters&period;eci&period;gov&period;in या Voter Helpline App के माध्यम से घर बैठे फॉर्म 6 भरें और अपना नाम मतदाता के रूप में पंजीकृत कराएं। यह त्वरित&comma; आसान और परेशानी-मुक्त है। अपना e-EPIC कार्ड मिनटों में डाउनलोड करें और कभी भी&comma; कहीं भी अपना वोटर आईडी एक्सेस करें। यदि आप एक overseas Indian citizen हैं&comma; तो voters&period;eci&period;gov&period;in पर फॉर्म 6A के साथ पंजीकरण करें। याद रखें&comma; आप केवल तभी मतदान कर सकते हैं जब आपका नाम मतदाता सूची में शामिल हो। मतदाता होने का गौरव महसूस करें। यदि आपको किसी सहायता की आवश्यकता हो तो<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>टॉल-फ्री नंबर 1950 डायल करें&colon; जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिलाधिकारी&comma; पटना।<code>• जिलाधिकारी ने सभी निर्वाचक निबंधन पदाधिकारियों को निदेश दिया कि बूथवाईज विश्लेषण करें। जिन क्षेत्रों में अधिक संख्या में अर्हता-प्राप्त लोगों का नाम निर्वाचक सूची में अभी भी शामिल नहीं है वहाँ विशेष प्रयास करें। कैम्प मोड में निर्वाचक सूची में नाम जोड़ने के लिए अभियान चलाएँ। भारत निर्वाचन आयोग के निदेशों का सम्यक अनुपालन करें।<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>ज़िलाधिकारी ने कहा कि स्वीप कार्यक्रम का मुख्य उदद्ेश्य मतदाताओं को सूचना &lpar;इन्फॉर्मेशन&rpar;&comma; प्रेरणा &lpar;मोटिवेशन&rpar; एवं सरलीकरण &lpar;फैसिलिटेशन&rpar; का लाभ पहुँचाना है। सभी मतदाताओं केा सुसूचित &lpar;इन्फॉर्म्ड&rpar;&comma; नैतिक &lpar;एथिकल&rpar; एवं प्रलोभन-मुक्त &lpar;इन्ड्यूसमेंट-फ्री&rpar; मतदान के लिए अभिप्रेरित करने हेतु सघन अभियान चलाया जा रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि पूरे जिला में मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। दिव्यांग मतदाताओं&comma; महिलाओं&comma; 18-19 वर्ग के नये मतदाताओं&comma; 85&plus; आयु वर्ग के वरिष्ठ मतदाताओं सहित सभी निर्वाचकों को मतदान के लिए जागरूक किया जा रहा है। वोटर टर्नआउट बढ़ाने के लिए विभिन्न विभागों के पदाधिकारियों द्वारा लगातार अभियान चलाया जा रहा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिला निर्वाचन पदाधिकारी-सह-जिलाधिकारी ने कहा कि सहभागितापूर्ण वातावरण में निर्वाचन सम्पन्न कराना प्रशासन की सर्वोच्च प्राथमिकता है। इसके लिए भारत निर्वाचन आयोग के निदेशों के अनुसार सभी तैयारी तेजी से की जा रही है। <code>पटना जिलांतर्गत सांख्यिकीय विवरणी&colon;<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि पटना जिला अन्तर्गत कुल 14 विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र शामिल है। सभी क्षेत्रों में वृहत मतदाता जागरूकता अभियान चलाया जा रहा है। इसका मूल उद्देश्य है कि पटना जिला में इस बार वीटीआर राष्ट्रीय औसत लगभग 66 प्रतिशत के आसपास रहे। दीघा&comma; बांकीपुर एवं कुम्हरार विधानसभा क्षेत्रों में अधिक ध्यान देने की आवश्यकता है। यहाँ पर परम्परागत रूप से मतदान प्रतिशत काफ़ी कम 35 प्रतिशत के करीब रहता है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जिलाधिकारी ने कहा कि लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2024 में पटना जिला में मतदान प्रतिशत में अच्छी बढ़ोतरी हुई थी। जिलावासियों ने निर्वाचन प्रक्रिया में सक्रिय रूप से भाग लिया था। सभी स्टेकहोल्डर्स ने मतदाता जागरूकता अभियान में सकारात्मक&comma; रचनात्मक एवं सृजनात्मक भूमिका निभाई थी। उसी का परिणाम हुआ कि वीटीआर में अच्छी वृद्धि हुई ।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2024 के आंकड़ों के अनुसार पटना साहिब एवं पाटलिपुत्र दोनों संसदीय निर्वाचन क्षेत्रों में लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2019 की तुलना में मतदान प्रतिशत में अच्छी वृद्धि हुई।<code>• &lpar;१&rpar; पाटलिपुत्र संसदीय निर्वाचन क्षेत्र&colon;<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2024&colon; वीटीआर 59&period;24&percnt;<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2019&colon; वीटीआर 55&period;93&percnt;<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>वीटीआर में वृद्धि &equals; 3&period;31&percnt;<code>• &lpar;२&rpar; पटना साहिब संसदीय निर्वाचन क्षेत्र&colon;<&sol;code><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2024&colon; वीटीआर 46&period;86&percnt;<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>लोकसभा आम निर्वाचन&comma; 2019&colon; वीटीआर 45&period;67&percnt;<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>वीटीआर में वृद्धि &equals; 1&period;19&percnt;<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>पटना साहिब लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में 1&period;19&percnt; की वृद्धि तथा पाटलिपुत्र लोकसभा निर्वाचन क्षेत्र में 3&period;31&percnt; की वृद्धि दर्ज की गई। मुंगेर संसदीय निर्वाचन क्षेत्र अंतर्गत पटना जिला अवस्थित बाढ़ विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र में 0&period;80&percnt; जबकि मोकामा विधान सभा निर्वाचन क्षेत्र में 0&period;23&percnt; की वृद्धि हुई।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जागरूक मतदाता हमारे समृद्ध लोकतंत्र की रीढ़&ast; हैं। संविधान द्वारा प्रदत्त वयस्क मताधिकार बहुमूल्य है एवं इस अधिकार का प्रयोग एक नागरिक के लिए अत्यावश्यक है। चुनाव में उच्च मतदान प्रतिशत हमारे प्रजातंत्र को एक नया आयाम देगा।<&sol;p>&NewLine;

Advertisements

Related posts

मारवाड़ी महिला समिति की होली मिलन में सखियों संग जमकर उड़े रंग

कंगनघाट से तख्त साहिब सौंदर्यकरण और मल्टीलैवल पार्किंग का कार्य भी जल्द होगा शुरु

तख्त पटना साहिब कमेटी के वरिष्ठ उपाध्यक्ष लखविन्द्र सिंह गृह मंत्री अमित शाह से भेंट