पुलिस प्रशासन और पदाधिकारी के मिली भगत से खनन माफिया वेखौफ, युद्ध स्तर पऱ हो रहा है परमान नदी किनारे मिट्टी खनन

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>अररिया&comma; रंजीत ठाकुर<&sol;strong> फारबिसगंज अनुमंडल क्षेत्र के सीमावर्ती इलाके में खनन माफिया बरसात समाप्त होते ही सक्रिय हो गए हैं। दिन के उजाले से लेकर रात के अँधेरे में वेखौफ खनन कर रहे है। पिपरा घाट&comma; ओसरी घाट आदि जगह में भारी मात्र में दिन के उजाले में अवैध खनन किया जा रहा है। जिससे ना केवल बाढ़ जैसे विनाशकरी आपदा को आमंत्रण दे रहा है बल्कि सरकार को राजस्व का भी भारी मात्रा में नुकसान पहुंचाता है। बताते चले की पिपरा घाट के समीप नदी किनारे बिहार सरकार व निजी जमीन में नियम के विरुद्ध खनन माफियाओं के द्वारा बेखोफ खनन किया जा रहा है। <&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>खनन माफियाओं को ना पुलिस भय है और ना ही खनन पदाधिकारी का डर है&comma; ग्रामीणों की माने तो इस अवैध खनन को जोगबनी थाना के पुलिस की मिली भगत से खनन हो रहा है। ग्रामीणों का कहना है जोगबनी पुलिस सिर्फ किसानों की गाड़ी को पकड़ता है जो कभी कभाल मिट्टी लेकर जाता है। माफियाओं को संरक्षण देता है। ग्रामीणों का कहना है पिपरा घाट व ओसरी घाट के समीप ज़ब खनन होता है पुलिस कभी बगल से गुजरते भी है तो रुककर खनन करवाने वाले से मिलकर बिना कोई कार्रवाई किये चले जाता है।<&sol;p>&NewLine;

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