बिहार कैबिनेट मीटिंग में 20 अहम प्रस्तावों पर मुहर, AI मिशन, E-Bus और E-Voting जैसे बड़े फैसले

&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>पटना&comma; नरेश अग्रवाल <&sol;strong>&colon; मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी की अध्यक्षता में बुधवार को हुई कैबिनेट बैठक में 20 महत्वपूर्ण प्रस्तावों को मंजूरी दी गई। सरकार ने तकनीक&comma; शिक्षा&comma; स्वास्थ्य और परिवहन क्षेत्र में बड़े फैसले लिए हैं। बैठक के बाद कैबिनेट के अपर मुख्य सचिव अरविंद कुमार चौधरी ने इसकी जानकारी दी। उन्होंने कहा कि इन निर्णयों से राज्य में आधुनिक व्यवस्था को बढ़ावा मिलेगा। साथ ही पारदर्शिता और सुशासन को मजबूती मिलेगी। सरकार का फोकस विकास और डिजिटल सिस्टम पर है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>AI मिशन से बिहार को मिलेगी नई तकनीकी ताकत<&sol;strong><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>राज्य सरकार ने &OpenCurlyQuote;बिहार एआई मिशन’ के गठन को मंजूरी दी है। इसका उद्देश्य बिहार को कृत्रिम बुद्धिमत्ता के क्षेत्र में आगे बढ़ाना है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>जनप्रतिनिधियों&comma; अधिकारियों और कर्मचारियों को प्रशिक्षण दिया जाएगा। यह प्रशिक्षण राष्ट्रीय और अंतरराष्ट्रीय संस्थानों के सहयोग से होगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>AI के जरिए प्रशासन&comma; कृषि और वित्तीय प्रबंधन में सुधार होगा। डेटा आधारित फैसलों से व्यवस्था अधिक पारदर्शी बनेगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>मां सीता के नाम पर होगा सीतामढ़ी मेडिकल कॉलेज<&sol;strong><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>सीतामढ़ी में बन रहे मेडिकल कॉलेज का नाम बदल दिया गया है। अब इसे &OpenCurlyQuote;मां सीता चिकित्सा महाविद्यालय एवं अस्पताल’ कहा जाएगा।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>यह निर्णय क्षेत्र के धार्मिक और ऐतिहासिक महत्व को ध्यान में रखकर लिया गया है। सीतामढ़ी को मां सीता की जन्मभूमि माना जाता है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इससे स्थानीय लोगों की आस्था को सम्मान मिलेगा। सरकार ने इसे सांस्कृतिक पहचान से जोड़कर देखा है।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>400 इलेक्ट्रिक बसों से सुधरेगा शहरी परिवहन<&sol;strong><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत 400 इलेक्ट्रिक बसें चलाई जाएंगी। पटना में 150 और अन्य शहरों में 50-50 बसें संचालित होंगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>इन शहरों में मुजफ्फरपुर&comma; भागलपुर&comma; गया&comma; दरभंगा और पूर्णिया शामिल हैं। इस योजना के लिए 517&period;16 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>12 वर्षों तक यह योजना लागू रहेगी। इससे प्रदूषण कम होगा और बेहतर यातायात सुविधा मिलेगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p><strong>नगर निकाय चुनाव में लागू होगी ई-वोटिंग<&sol;strong><&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>नगरपालिका चुनाव 2026 में ई-वोटिंग की सुविधा दी जाएगी। यह सुविधा वरिष्ठ नागरिकों और दिव्यांगजनों के लिए खास होगी।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>बाहर रहने वाले मतदाता भी इसका लाभ उठा सकेंगे। इस योजना पर करीब 31&period;45 लाख रुपये खर्च होंगे।<&sol;p>&NewLine;&NewLine;&NewLine;&NewLine;<p>क्रियान्वयन की जिम्मेदारी एक केंद्रीय तकनीकी संस्था को दी गई है। इससे मतदान प्रक्रिया सरल और पारदर्शी बनेगी।<&sol;p>&NewLine;

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