मनीषा के साथ गैंगरेप और उसकी बर्बर हत्या किए जाने के खिलाफ श्रद्धांजलि सह कैंडल मार्च

पटना(अजित यादव): पैगाम कल्चरल सोसायटी और ऑल इंडिया महिला सांस्कृतिक संगठन के संयुक्त बैनर तले हाथरस यूपी के 19 वर्षीय मनीषा के साथ गैंगरेप और उसकी बर्बर हत्या किए जाने के खिलाफ श्रद्धांजलि सह कैंडल मार्च का आयोजन किया गया।कैंडल मार्च इशापुर, राय चौक से शुरू हुआ और भगत सिंह चौक आकर खत्म हुआ। इस कैंडल मार्च में भारी संख्या में महिलाएं, बच्चियां, पुरुष एवं समाज के गणमान्य लोगों ने शिरकत की। कैंडल मार्च में लोग नारे लगा रहे थे – हाथरस के मनीषा को न्याय दो, दोषियों को फांसी दो, अश्लील सिनेमा – साहित्य पर रोक लगाओ, नशाखोरी पर रोक लगाओ आदि आदि। इस मौके पर पैगाम कल्चरल सोसायटी के सचिव सुरेश फुलवारवी तथा ऑल इंडिया महिला सांस्कृतिक संगठन (ए आई एम एस एस) बिहार राज्य प्रभारी अनामिका कुमारी ने अपने संबोधन में कहा कि मनीषा के साथ गैंगरेप किया गया। उसकी हत्या कर की गई। इसके खिलाफ हाथरस के लोगों ने प्रशासन से न्याय की मांग की,लेकिन प्रशासन गुनाहगारों को, दुष्कर्मियों को ही बचाने का हर संभव कोशिश करती रही। गैंगरेप के बाद मनीषा हॉस्पिटलों में तड़पती रही और अंततः 30 सितंबर 2020 को उसकी मृत्यु हो गई। विडंबना यह कि मनीषा की लाश उसके परिवार को नहीं सौंपा गया और आनन-फानन में 2:00 बजे रात में उसकी लाश फूंक दी गई। यह साबित करता है कि यूपी सरकार और उसका प्रशासन इस मामले को रफा-दफा कर देना चाहती है। अंत में वक्ताओं ने कहा जब तक मनीषा को न्याय नहीं मिलता तब तक आंदोलन चलता रहेगा. इस कैंडल मार्च में शिरकत करने वालों नियाज अख्तर, रणधीर प्रसाद राय, सत्येंद्र कुमार सिन्हा, दीप नारायण लाल, गुड्डू कुमार, इंद्रजीत कुमार सिंह, श्रीराम शर्मा, प्रियंका कुमारी, सोनी कुमारी, माही कुमारी, सुमन कुमारी, सब्यसाची निशांत, पाॅवेल और सूर्यकर जितेंद्र प्रमुख रूप से थे।