पूर्व पत्रकार के वृद्ध मां का कोई नहीं सुना रहा फरियाद, खाने खाने को है परिवार मुंहताज!

मनेर(आनंद मोहन): पीएमओ नई दिल्ली की चिट्ठी लेकर इकलौते पुत्र की मां दरवाजे- दरवाजे इंसाफ की गुहार लगाती फिर रही है भटकती मां कभी अपने बेटे पर फक्र करती थी और बड़े अदब से लोगों को बताती थी कि मेरा पुत्र पत्रकार है और दूसरों की समस्या को जोर-शोर से उठाता है और उसी मां का पत्रकार बेटा हत्या के आरोप में पिछले लगभग तीन वर्षों से जेल में बंद है और इंसाफ के लिए मां बेहाल है। बता दे कि शिव नारायण यादव (पत्रकार) पटना से सटे मनेर थाना इलाके के ग्यासपुर पंचायत के सहालीचक के रहने वाले है। शिव नारायण यादव उर्फ सुपन यादव इलेक्ट्रॉनिक मीडिया से जुड़े हुए थे मौर्य चैनल, जैन टीवी, महुआ चैनल सहित काम करते थे और परिवार के साथ खुशहाल जीवन जी रहे थे। तभी उनके ऊपर भोजपुर जिला के आयर थाना में कांड संख्या- 11/2017 एवं 12/2017 और दानापुर थाना में कांड संख्या- 210/2017 के तहत पुलिस ने गिरफ्तार कर जेल भेज दिया। जेल जाने के बाद उनकी वृद्ध मां ने इंसाफ के लिए हर एक उस दरवाजा को खटखटाया जिससे उसे इंसाफ की उम्मीद थी पर उसे कहीं से इंसाफ मिलता दिखाई नहीं पड़ा। उसके बाद अपने आसपास के लोगों की मदद से पीएमओ कार्यालय चिट्ठी भेजकर इंसाफ की मदद की मांग की। 17/06/2017 उन्हें पीएमओ कार्यालय से एक पत्र मिला और उस पत्र की प्राप्ति के बाद वृद्ध मां की आंखों में इंसाफ की ज्योति दिखलाई दी है। परिवार आज फटेहाल जीवन जीने पर मजबूर है। बेटा-बेटी पत्नी आज दाने-दाने को मोहताज है। बेटे और बेटी की पढ़ाई भी छूट गई है। परिवार और वृद्ध मां सीबीआई मामले जांच की मांग कर रही है। ताकि सत्य सामने आ सके। इन्हें अंतिम उम्मीद सीबीआई जांच और मीडिया के ऊपर कायम है। अब यह देखना दिलचस्प होगा कि पीएमओ कार्यालय से प्राप्त पत्र से इस मां को इंसाफ मिल पाएगा या नहीं। पूर्व पत्रकार के मां ने कहा कि अगर हमें इंसाफ नहीं मिलेगा तो हम लोग पूरे परिवार आत्महत्या कर लेंगे इसके सारे जवाबदेही सरकार की होगी. वहीं इस मामले में मनेर विधानसभा के जदयू पूर्व विधायक प्रो० सूर्य देव त्यागी ने कहा कि पत्रकार शिवनारायण यादव बेहद अच्छे इंसान एवं धैर्यवान पत्रकार थे उन्होंने कहा कि जानबूझ कर प्रशासन एक साजिश के तहत फसाया गया है मैं बिहार सरकार से मांग करता हूं कि जल्द से जल्द सीबीआई के अनुशंसा करें ताकि दूध का दूध और पानी का पानी हो सके।