चार दिनों से ससुराल के आगे धरना पर बैठी है फुल कुमारी को नही मिली घर मे इंट्री!

फुलवारीशरीफ(अजित यादव): फुलवारी के किसान कोलोनी में चार दिनों स अपने अधिकारों और ससुराल में प्रवेश को लेकर मायके वालों के साथ ससुराल के दरवाजे के बाहर धरने पर बैठी बहु फूल कुमारी को इंसाफ नही मिल पाया। घर की इज्जत मान मर्यादा की लाज बहु अपने ससुराल में प्रवेश करने को लेकर दिन रात ससुराल वालों की चिरौरी कर रही है लेकिन लोभी ससुराल वालों का कलेजा नही पसीजा । चार दिनों से समाज के लोगो के समझाने बुझाने के बावजूद दहेज लोभी ससुराल वालों ने एक बार भी घर का दरवाजा नही खोला। महिला थाने में दिन भर थानेदार मैडम स्व मिलने के इंतज़ार में विवाहिता के मायके वालों को मुलाकात नही हो पाई । इधर सिटी एसपी को जानकारी हुई तो स्थानीय फूलवारी शरीफ थाना पुलिस पहुंची लेकिन पुलिस के प्रयास के बावजूद ससुराल का दरवाजा नही खुला। चार दिनों से किसान कोलोनी में न्याय की आस लगाए बैठी बहु के समर्थन में आस पास के मुहल्ले वाले भी खड़े है लेकिन हठधर्मी ससुरालियो का मन नही डिगा पाए। चार दिनो से चल रहे इस हाई वोल्टेज ड्रामे के बीच अब लड़के ससुराल के घर पर पत्थर फेंकने लगे हैं जिससे उनकी स्थिति हास्यास्पद बनी हुई है। वही बहु के साथ आये उसके भाई भौजाई और दोस्तों को अब भी उम्मीद है कि शायद फूलकुमारी को उसके ससुराल में प्रवेश मिल जाये.

जानकारी के मुताबिक 19 अप्रैल 2019 को जमालपुर मुंगेर निवासी सच प्रकाश चंद ज्योति की पुत्री फूलकुमारी का विवाह किसान कोलोनी में रहने वाले आयुर्वेद डॉक्टर जय प्रकाश नारायण के बेटे प्रवीण रंजन से हुई थी ।डॉ जयप्रकाश नारायण बिहार शरीफ में नौकरी करते हैं जबकि उनकी पत्नी गीता देवी नौबतपुर इलाके में शिक्षिका की नौकरी करती हैं। बहु फूल कुमारी के भाई विकास ने बताया कि शादी में उसके फुफेरे भाई के मित्र एलआईसी एजेंट सुनील कुमार वर्णवाल ने अहम भूमिका निभाई थी। शादी के वक्त बताया गया था की प्रवीण रंजन नौकरी में है लेकिन बाद में पता चला कि उनलोगों को अगुआ ने एक लाख बतौर कमीशन के चककर में झूठ बोलकर शादी करवा दिया। ब्याह में लड़की वालों ने पचास लाख की संपति दान दहेज में खर्च किया था । शादी के छः माह बाद से ही पति प्रवीण और उसके घर वालों ने स्कूल खोलने के लिए चालीस लाख की डिमांड शुरू कर दी। लड़की के मायके वालों ने जब इतनी बड़ी डिमांड पूरा नही कर पाए तो ससुराल में फूलकुमारी को तरह तरह से मारपीट और प्रताड़ित किया जाने लगा। इतना ही नही उसका हाथ पति ने जला दिया । इतने से भी मन नहीं भरा तो उसके देवर कौशल किशोर उर्फ नीलमणि ने पिटाई कर दी। फूल कुमारी ने बताया कि पति के साथ सास , ससुर, देवर बराबर मारपीट करने लगे तो मायके वालों को खबर दी । मायके वाले समाज के लोगो के साथ कई बार समझाने का प्रयास किया लेकिन बात नही बनी। पिछले रक्षा बंधन पर फूल कुमारी अपने मायके मुंगेर चली गयी तो उसके बाद उसे ससुराल वाले विदाई कराने नही पहुंचे । जब बात की गई तो रखने से इंकार कर दिया गया। उसके बाद थकहारकर फूल कुमारी अपने भाई विजय वर्णवाल, विकास कुमार,भाभी अलका, गीता भारती और भाई के अन्य दोस्तों सूरज व वशिष्ट के साथ मंगलवार को ससुराल पहुंची । ससुराल वालों ने उसे घर में घुसने नही दिया तो अपने हक के लिए फूलकुमारी परिवार के साथ ससुराल के दरवाजे पर धरना पर बैठ गयी। इसकी खबर कोलोनी सहित आस पास के लोगो को हुई तो समझौते का प्रयास किया जाने लगा । विकास का कहना है की उसका बहनोई के परिवार वाले इसी घर मे मौजूद है लेकिन कोई दरवाजा नही खोल रहा है और न ही कोई मोबाइल से बातचीत कर रहा है। वहीं पड़ोसी व समाज के लोग जब आयुर्वेद चिकित्सक फूल कुमारी के श्वसुर डॉ जयप्रकाश नारायण से बात करते हैं तो वे कभी छपडा में होने तो कहीं और होने का बहाना बनाकर टालमटोल कर रहे हैं। सास गीता देवी भी घर से फरार है। पति प्रवीण का कोई आता पति नही है कि वह घर के भीतर मौजूद है या नही। वही देवर और अन्य परिजन खिड़की से ताकझांक कर अंदर चले जाते हैं। विकास ने बताया कि तीन दिनों से सारे प्रयास करके थक गए तब महिला थाना गए। वहाँ बताया गया कि मैडम मीटिंग में है । महिला थाना अध्यक्ष का शाम तक इंतजार किया लेकिन मुलाकात नही हो पाई । इसके बाद इसकी सूचना सिटीएसपी को दी गई। सिटीएसपी ने कहा कि लोकल पुलिस को भेजते है । लोकल पुलिस स्टेशन की मोबाइल गाड़ी आयी और ससुराल वालों से दरवाजा खोलवाने का प्रयास किया लेकिन नही खुला। पुलिस भी थकहार कर लौट गई लेकिन बहु फूलकुमारी अपने ससुराल में प्रवेश करने पर अड़ी है और मायके वालों के साथ जमी है।लड़की वाले अब लिखित आवेदन पुलिस को देने की तैयारी में जुट गए हैं। इस संबंध में थानेदार रफीकुर रहमान ने बताया कि उन्हें कोई शिकायती आवेदन अबतक नही मिला है। अगर लड़की वाले मामला लिखित देंगे तो करवाई की जाएगी । अभी सामाजिक स्तर पर मामला सलटाने का प्रयास किया जा रहा है।