कविता के माध्यम से कवि ने दिया मतदाताओं को संदेश

अररिया(रंजीत ठाकुर): अररिया जिले के नरपतगंज प्रखंड के मानिकपुर गांव के जाने-माने कवि रणविजय यादव किसी परिचय के मोहताज नहीं है।उनकी कई उत्कृष्ट रचनाओं के लिये उन्हें कई बार कई मंचों पर सम्मानित किया जा चुका है. आगामी विधानसभा चुनाव को देखते हुए मतदाताओं को जागरूक करने के उद्देश्य से उन्होंने अपनी एक रचना प्रस्तुत की है.

चुनाव महापर्व-
है मतदान, हमारा मौलिक अधिकार,
धन,उपहार लेना-देना,घृणित व्यवहार।
करें कर्मठ उम्मीदवार को अपना मतदान,
होगा समाज व राष्ट्र का सुंदर निर्माण।
अपने एक ‘मत’ का समझें हम मूल्य,
करें पहले मतदान, सब काम जाएं भूल।
है स्वतंत्रता हमारा जन्मसिद्ध अधिकार,
प्रजातंत्र हम भारतीयों का प्रिय कंठहार।
हमारा गणतंत्र है सर्वश्रेष्ठ, करते हम गर्व,
भूलें जाति धर्म, आया जब चुनाव महापर्व।
न फिर आ धमके कोई लुटेरा,रहें होशियार,
भागे दुम-दबाकर दुश्मन,कि भरे ऐसी हुंकार।
उपरोक्त कविता के माध्यम से कविजी ने मतदाताओं से जात धर्म से ऊपर उठकर स्वच्छ मतदान करने की अपील की है।